Sunta Hai sabki Vinti mera bholenath|सुनता है सब की विनती मेरा भोलेनाथ
सुनता है सब की विनती मेरा भोलेनाथ, मैं भी जग से हार के आया, थाम लो मेरा हाथ। सुनता है सब की विनती मेरा भोलेनाथ.. सुनता है सब की विनती मेरा भोलेनाथ, मैं भी जग से हार के आया, थाम…
सुनता है सब की विनती मेरा भोलेनाथ, मैं भी जग से हार के आया, थाम लो मेरा हाथ। सुनता है सब की विनती मेरा भोलेनाथ.. सुनता है सब की विनती मेरा भोलेनाथ, मैं भी जग से हार के आया, थाम…
साथी हमारा कौन बनेगा,तुम नहीं सुनोगे कौन सुनेगा तुम ना सुनोगे कौन सुनेगा आ गया दर पे तेरे, सुनाई हो जाये जिंदगी से दुखो की, विदाई हो जाये एक नजर कृपा की डालो,मानुगा अहसान ॥ संकट हमारा कैसे टलेगा तुम…
भोलानाथ अमली जी, म्हारा शंकर अमली जी, भोलानाथ अमली जी, म्हारा शंकर अमली जी, जटाधारी अमली, बाग्या बीच भांगड़ली घुटाय राखुली। भोलानाथ अमली जी, म्हारा शंकर अमली जी, जटाधारी अमली, सोने के कटोरे में छनाए राखुली।। काई बोऊ काशीजी में…
प्यारा सा मुखड़ा, घुंघराले केश, कलयुग का राजा, खाटु नरेश, हारे का सहारा है, मेरा श्याम धणी, भक्तो का दुलारा है, मेरा श्याम धणी।। तर्ज – आने से उसके आए बहार। बन संवर के बैठा, ये तो दरबार अपना लगा…
मां गवरा थाने पूजू हूं हाथ जोड़ वर मांगू हूं म्हाने एसो दई सुहाग सुरंगों सासरियो सासरियो म्हारो एसो होवे जयां राज अयोध्या जी, रामचंद्र सो वर होवे देवर म्हारो लक्ष्मण जी, सासु कोशल्या होवे, सुसरो राजा दशरथ जी, म्हाने…
संया दूध रेडीजे घी आवेलो।। (२) संया मखानीय रो अन्न धन पार बाधाओं म्हारी गवरा रो ।।(२) संया मै चालया म्हारे सासरिये।। (२) म्हारे सासरिये में सासु लाड, बाधाओं म्हारी गवरा रो, म्हारे पिहरिये में सुसरा जी रो लाड, बाधाओं…
तर्ज – कौन दिशा मै लेके चला रे कौन दिशा मै ईसर चला रे टूर पे (२) अब रहा ना जाए, ओर सहा न जाए, संग ले चल रे, ले चल रे….।। कौन दिशा मै सासु जी तो महासू ऑटो…
तर्ज-गोरी है कलाइयां आजा म्हारी भाभी, आजा आपा होली खेला, क्योंकि, भाई जी गया है परदेस। आजा म्हारी भाभी, आजा आपा होली खेला, क्योंकि, भाई जी गया है परदेस हो। हो ओ ओ ओ ओ आ आ आ आ आ…
म्हारे चुडले रा-२, सिणगार बलम थारी ओल्यु आवे रे मिरघा नेणी रा भरतार बलम थारी याद सताव रे।। म्हारे चुड़ले रा…. पोली बेठयो कालो कागो, रोलम रोल मचावे रे में जागु रे म्हारो र सायबो बैठ रेल में आवे रे…
बाई सा रा बीरा, जयपुर जायजो जी आता तो लायजो, तारां री चुन्दडी सुन्दर गौरी पोत बतावो जी – २ कसिक ल्यावां तारां री चुन्दडी बाई सा रा बीरा, हरा हरा पल्ला जी – २ कसुमल रंग की तारां री…